Clicky

Pharmacy Website
Clinic Website
TabletWise.com TabletWise.com
 
एम्ब्रेस: मिर्गी के दौरों का पता लगाने के लिए बनाई गई एक स्मार्टवॉच।

मिर्गी के दौरों के लिए बनी स्मार्टवॉच को बच्चों में उपयोग के लिए एफडीए द्वारा प्रमाणीकरण मिला

लेखक   •  
शेयर
मिर्गी के दौरों के लिए बनी स्मार्टवॉच को बच्चों में उपयोग के लिए एफडीए द्वारा प्रमाणीकरण मिला
Read in English

फूड एंड ड्रग एडमिनिस्ट्रेशन (एफडीए) ने 6 साल और अधिक उम्र के बच्चों में उपयोग के लिए एम्ब्रेस नामक स्मार्टवॉच को विपणन के लिए मंजूरी दे दी है। एम्ब्रेस, मिर्गी के दौरों के लिए बनाई गई एक स्मार्टवॉच है जिसका उपयोग दौरों का पता लगाने और नियंत्रित करने के लिए किया जाता है।

एम्ब्रेस इम्पेटिका कंपनी द्वारा बनाई गई है। एम्पेटिका एक कैम्ब्रिज अमेरिका में आधारित कंपनी है जो चिकित्सा संबंधी अनुसंधान और मिर्गी के दौरों के नियंत्रण के लिए उपकरण बनाने में काम करती है।

एफडीए ने पहले जनवरी 2018 में वयस्कों में एम्ब्रेस के उपयोग को मंजूरी दी थी।

मिर्गी के दौरों के उपयोग के लिए यह दुनिया की पहली स्मार्टवॉच है। यह सामान्यीकृत टॉनिक-क्लोनिक दौरों से संबंधित आकृतियों और शारीरिक संकेतों का पता लगाती है और रोगियों की देखभाल करने वालों को सतर्क करती है। एम्ब्रेस सोने, आराम और शारीरिक गतिविधियों का भी विश्लेषण करती है।

सामान्यीकृत टॉनिक-क्लोनिक दौरा एक ऐसे प्रकार का दौरा है जिसमें व्यक्ति को सुध-बुध नहीं रहती और मांसपेशियों में संकुचन होती है। यह मस्तिष्क में अत्यधिक सक्रियता के कारण होता है।

सेंटर फॉर डिज़ीज़ कंट्रोल एंड प्रिवेंशन (CDC) के एक हालिया अध्ययन के अनुसार, अमेरिकी आबादी में से 3.4 मिलियन (लगभग 34 लाख) लोग मिर्गी से पीड़ित हैं, जिसमें से 470,000 बच्चे हैं। दुनिया भर में 50 मिलियन (5 करोड़) लोग और भारत में 10 मिलियन (1 करोड़) लोग मिर्गी से पीड़ित हैं।

नैदानिक परीक्षण के दौरान, मिर्गी से पीड़ित 141 मरीजों पर एम्ब्रेस स्मार्टवॉच का परीक्षण किया गया था। अध्ययन में, 80 बाल चिकित्सा रोगियों की उम्र 6 से 21 वर्ष के बीच थी। 54 में से 53 मरीजों के मिर्गी के दौरों का एम्ब्रेस द्वारा पता लगाया गया। परिणामस्वरूप एम्ब्रेस द्वारा 98% मिर्गी के दौरों का पता लगाया गया है।

इम्पेटिका के मुख्य वैज्ञानिक, रोज़ालिंड पिकार्ड ने कहा कि “हम एफडीए द्वारा 6 से 21 वर्ष के बच्चों में एम्ब्रेस के उपयोग की औपचारिक मंजूरी से खुश हैं। एम्ब्रेस इस संभावना को बढ़ाता है कि दौरा पड़ने के बाद के महत्वपूर्ण क्षणों के दौरान एक विश्वसनीय देखभालकर्ता रोगी के साथ रहेगा। हर समय किसी अन्य व्यक्ति के रोगी के पास रहने से बेहतर स्वास्थ्य परिणाम सामने आते हैं”।

मिर्गी में प्रमुख विशेषज्ञों में से एक ओरिन डेविंस्की और एनवाईयू में कॉम्प्रिहेंसिव एपिलेप्सी सेंटर के निदेशक ने कहा, "छह साल और उससे अधिक उम्र के बच्चों में मिर्गी के दौरों का पता लगाने के लिए एम्ब्रेस घड़ी को मिली मंजूरी एक ऐसा मत्वपूर्ण कदम है जिससे हम मिर्गी के दौरों की जल्दी पहचान कर सकते हैं और माता-पिता या अन्य लोग जल्दी प्रतिक्रिया दे सकते हैं"।

पहले, नैदानिक परीक्षणों को रोगियों पर निर्भर रहना पड़ता था क्यूंकि रोगी अपने मिर्गी के दौरों को खुद से डायरी में लिख कर रिपोर्ट करते थे। इस प्रक्रिया को गलत और कम विश्वसनीय माना जाता था। सबसे खतरनाक मिर्गी के दौरों के 40% से अधिक की रिपोर्ट नहीं की जाती, लेकिन जैसा कि कंपनी ने दावा किया है एम्ब्रेस की मदद से मिर्गी के दौरों की सुचना अधिक कुशल और आसान हो गई है।

कंपनी यह दावा करती है कि यह स्मार्टवॉच मरीजों और उनके परिवारों को जल्द चिकित्सा सुविधा दिलाने में मदद करेगी और स्वास्थ्य संबंधी समस्याओं को तेजी से नियंत्रित करने में भी मदद करेगी।

ताज़ा खबर

TabletWise.com