Pharmacy Website
Clinic Website
TabletWise.com TabletWise.com
 
इंसुलिन टाइप 1 मधुमेह के लिए इस्तेमाल की जाने वाली एक जीवन रक्षक दवा है।

2012 से 2016 तक अमेरिका में इंसुलिन की कीमतें दोगुनी से अधिक हो गई हैं

लेखक   •  
शेयर
2012 से 2016 तक अमेरिका में इंसुलिन की कीमतें दोगुनी से अधिक हो गई हैं
Read in English

इंसुलिन टाइप 1 मधुमेह के लिए इस्तेमाल की जाने वाली एक जीवन रक्षक दवा है और अमेरिका में इसकी कीमत पिछले 5 सालों में दोगुनी से अधिक हो गई है।

इंसुलिन की कीमतों में हाल ही में वृद्धि के कारण कई मधुमेह रोगियों ने इस प्रमुख जीवन रक्षक दवा का उपयोग करना बंद कर दिया है। इंसुलिन टाइप 1 मधुमेह रोगियों के लिए एक आवश्यकता है और संयुक्त राज्य अमेरिका में इसकी कीमत पिछले 5 वर्षों से लगातार बढ़ रही है।

हेल्थ केयर कॉस्ट इंस्टीट्यूट से एक नए आंकड़े के अनुसार, मधुमेह रोगियों का इंसुलिन पर खर्च 2012 में $2,900 (लगभग ₹2 लाख) था जो की 2016 तक बढ़कर $5,700 (लगभग ₹4 लाख) हो गया। यह लोगों का इस दवा पर वार्षिक खर्च है और बहुत से लोगों के लिए यह काफी महंगा है।

इस वृद्धि के कारण, लोगों के लिए इस दवा को खरीदना मुश्किल हो रहा है। इसके अलावा, उसी समय की अवधि के दौरान जीवन यापन की लागत भी लगभग 6.5% बढ़ गई।

मधुमेह लगभग 30 मिलियन (30 लाख) अमेरिकियों को प्रभावित करता है। डॉक्टरों के अनुसार, इंसुलिन की खपत में इतनी गिरावट इन लोगों के लिए जानलेवा हो सकती है।

पिछले साल येल द्वारा प्रकाशित एक अध्ययन के अनुसार, 25% से अधिक मधुमेह से पीड़ित लोगों ने कीमतों में बढ़ोतरी के कारण अपने इंसुलिन का सेवन लगभग आधा कर दिया था।

जैसा कि इस अध्ययन में कहा गया है कि कटौती इन सभी रूपों में हुई है जैसे कि: निर्धारित से कम इंसुलिन का उपयोग करना, निर्धारित इंसुलिन के लेने को खींचने की कोशिश करना, इंसुलिन की छोटी खुराक लेना, इंसुलिन के उपयोग को रोकना, और/या इंसुलिन लेना शुरू ही नहीं करना।

इसलिए, संघीय अभियोजक और 5 राज्यों ने इन्सुलिन निर्माताओं से इन्सुलिन के मूल्य में वृद्धि के कारणों की मांग की है।

“हमने जो जानकारी एकत्र की है वह इस तथ्य से स्पष्ट है कि इन्सुलिन की कीमत लोगों तक इसकी पहुंच के लिए एक बड़ी बाधा है। मुझे आशा है कि यह रोगियों को इस जीवन-निर्वाह की दवा को खरीदने में मदद करने के लिए प्रोत्साहित करेगा”, पवित्रा विजयाकुमारी, सह-प्रथम लेखक, और येल की एक मेडिकल छात्र ने कहा।

यह पहली बार नहीं है कि इंसुलिन की कीमत बढ़ी है। इससे पहले भी इसकी कीमत 2002 में $4.34 (₹310) प्रति मिलीलीटर से बढ़ कर 2013 में $12.92(₹920) प्रति मिलीलीटर हो गयी थी।

इंसुलिन एक जीवनरक्षक दवा है और इतनी उच्च आवृत्ति पर इसके उपयोग पर कटौती करना रोगियों के लिए बहुत हानिकारक है। यह देश की अर्थव्यवस्था और जनसांख्यिकीय स्थिति के लिए भी हानिकारक है।

इसलिए, इस दवा की कीमतों में वृद्धि के कारणों को गहराई से देखने और इन कारणों को खत्म करने की सख्त जरूरत है।

ताज़ा खबर

TabletWise.com